विद्यार्थियों को स्वच्छ, सुन्दर व सुरक्षित वातावरण में शिक्षा उपलब्ध कराने का प्रयास : वोरा
नई तहरीक : दुर्ग
नगर निगम क्षेत्र अतर्गत 5 दशकों से भी अधिक पुराने स्कूल भवनों में संचालित होने वाली प्रमुख स्कूलों बघेरा स्कूल, सुभाष स्कूल, पोटिया स्कूल, चन्द्रशेखर स्कूल, सिकोला भाठा, आदर्श कन्या और जेआरडी आत्मानंद विद्यालय आदि का प्रदेश सरकार द्वारा कायाकल्प कराया जाना है। ताकि विद्यार्थियों को वर्षों पुराने जर्जर भवनों के स्थान पर स्वच्छ, सुरक्षित एवं सुंदर इंफ्रास्ट्रक्चर मिल सके। पखवाड़ाभर पहले मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा भेंट मुलाकात यात्रा के दौरान कई स्थानों पर जर्जर स्कूल भवनों को लेकर चर्चा की गई थी जिसके बाद उन्होंने स्कूलों के संधारण के लिए 500 करोड़ रुपए की विशेष राशि आबंटित करने की घोषणा की थी। इससे जिले के 182 स्कूलों के सभी छोटे-बड़े संधारण कराया जाएगा। वरिष्ठ कांग्रेस विधायक अरुण वोरा ने कहा कि सभी शासकीय विद्यालय ऐतिहासिक एवं दशकों पुराने हैं, जहां के छात्र आज विभिन्न पदों पर राज्य, देश एवं समाज की सेवा कर रहे हैं। पूर्ववर्ती भाजपा सरकार की अनदेखी एवं निजीकरण को बढ़ावा देने के कारण भवन जर्जर होते चले गए लेकिन मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में कांग्रेस की सरकार बनने के साथ ही जन सशक्तिकरण को प्राथमिकता देते हुए स्वास्थ्य एवं शिक्षा की दिशा में मिशन मोड पर कार्य किया गया है। गरीब परिवार के बच्चों को अच्छी अंग्रेजी शिक्षा देने के लिए स्वामी आत्मानंद विद्यालय एक अतुलनीय पहल है। आने वाले समय में इन विद्यालयों से निश्चित रूप से और भी मुखर एवं काबिल छात्र आगे निकलेंगे। गौरतलब है कि वोरा के प्रयासों से पूर्व में भी लगभग 26 लाख से आदर्श कन्या विद्यालय, 1.89 करोड़ से जेआरडी विद्यालय एवं 1.2 करोड़ से दीपक नगर आत्मानंद विद्यालय के विकास कार्य प्रगतिरत हैं एवं पिछली खनिज न्यास निधि की बैठक में भी लगभग 2 करोड़ की राशि लैब, पुस्तकालय एवं संधारण हेतु स्वीकृत की गई है।
