मोहम्मद हासम अली
अजमेर : हजरत ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती रहमतुल्लाह अलैह की दरगाह में हजरत मौला ए कायनात अली शेरे खुदा रदिअल्लाहो अन्हो का जश्ने विलादत मनाया गया। इसके लिए दरगाह कैंपस को खुसूसी तौर पर सजाया गया था। शाम को मगरिब की नमाज के बाद आतिशबाजी की गई। दरगाह के खादिम डा. सैय्यद नजमुल हसन चिश्ती ने बताया कि हर साल 12 रजब 13 वीं शब को दरगाह ख्वाजा साहब में हजरत मौला ए कायनात अली शेरे खुदा का जश्ने विलादत मनाया जाता है। इस दौरान दरगाह के अहाता ए नूर में मगरीब की नमाज के बाद सलातो सलाम का नजराना पेश किया गया जिसके बाद लंगर तकसीम किया गया। चांद की 13 रजब को मौला अली का पूरी दुनिया में यौमे विलादत मनाया जाता है। घ्ररों में मौला ए कायनात की नियाज दिलाई जाती है। दरगाह में मुनअक्किद तकरीब के बाद मुल्क की खुशहाली व भाईचारगी के लिए खुसूसी दुआ मागी गई।